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धर्मजागृति,हिन्दू-संगठन एवं राष्ट्ररक्षा हेतु साधकों द्वारा साधनास्वरूप आर्थिक हानि सहते हुए भी चलाया जानेवाला एकमात्र पाक्षिक !
श्रावण शुक्ल पक्ष १३ - भाद्रपद कृष्ण पक्ष १४,
कलियुग वर्ष ५११८ (१६ से ३१ अगस्त २०१६)

सनातन के कार्य में सहभागी हों तथा हिन्दू राष्ट्र स्थापना के सिपाही बनें !


सनातन प्रभात को स्थानीय समाचार सूचित करें !
सनातन प्रभात, हिन्दुआें का व्यासपीठ है । हिन्दूहित साधनेवाले तथा राष्ट्र और धर्म जागृति करनेवाले अपने परिसर के समाचार सनातन प्रभात को अवश्य सूचित करें !  
सनातन प्रभात को विज्ञापन देना, एक धर्मदान !
    संतों को तथा राष्ट्र और धर्म कार्य करनेवालों को दान (अर्पणराशि) देना, धर्मकार्य में सम्मिलित होने समान ही है । राष्ट्र और धर्म जागृति का कार्य करनेवाले सनातन प्रभात को नियमित विज्ञापन देना भी धर्मदान ही है ! 

साधकों को सूचना तथा पाठक एवं हितैषियों से विनती !

पं. शारंगदेव के संगीत-रत्नाकर (हिन्दी भाषी) ग्रंथ की तत्काल आवश्यकता !
    महर्षि अध्यात्म विश्‍वविद्यालय के संगीत विभाग के अंतर्गत संगीत विषय से संबंधित विविध ग्रंथों के संकलन की सेवा जारी है । इसके लिए पं. शारंगदेव के संगीत-रत्नाकर(हिन्दी भाषी) ग्रंथ की तत्काल आवश्यकता है । यह ग्रंथ किसी के पास उपलब्ध हो अथवा कहां उपलब्ध हो सकता है, इस संदर्भ में कोई जानकारी हो, तो कु. तेजल पात्रीकर को ७५८८५४५४७४, इस क्रमांक पर सूचित करें ।  
  पाठकों, हितैषियों तथा धर्मप्रेमियों से विनती !
रामनाथी स्थित सनातन आश्रम के कलामंदिर में (स्टूडियो में)
वीडियो एडिटिंग और एनिमेशन के लिए  निम्नांकित संगणक तथा सॉफ्टवेयर की आवश्यकता है !
     अखिल मानवजाति को ईश्‍वरप्राप्ति का मार्ग दिखाना और आध्यात्मिक शोध करना, यह महर्षि अध्यात्म विश्‍वविद्यालय की प्रमुख विशेषता है ! मानव को आध्यात्मिक विषयों का अमूल्य ज्ञान मिले और इस ज्ञान का उपयोग साधना के लिए कर, साधक अपनी आध्यात्मिक उन्नति साध्य करें, इस व्यापक उद्देश्य से विश्‍वविद्यालय में व्यापक स्तर पर शोधकार्य चल रहा है ।
    शोध के अंतर्गत नाना प्रकार के विषयों का चित्रीकरण होता है । वर्तमान में, उस चित्रीकरण की दृश्य-श्रव्य संकलन (वीडियो एडिटिंग) की सेवा चल रहा है । दिन-प्रतिदिन बुद्धिअगम्य घटनाआें की संख्या बढ रही है । इसलिए सेवा के लिए उपलब्ध उपकरण अपर्याप्त पड रहे हैं । इस शोधकार्य की गति अवरुद्ध न हो, इसके लिए वीडियो एडिटिंग और एनिमेशन करने में सक्षम निम्नांकित प्रकार के संगणक एवं सॉफ्टवेयर की तुरंत आवश्यकता है । 
       जो पाठक, हितैषी और दानशील व्यक्ति उपर्युक्त उपकरण क्रय करने के लिए धन के रूप में सहायता करना चाहते हैं, वे श्री योगेश शिंदे से ०८४५१००६१३० पर अथवा yogesh.sanatan@gmail.com पर संपर्क करें ।
- सद्गुरु (श्रीमती) बिंदा सिंगबाळ, सनातन आश्रम, रामनाथी, गोवा । (२६.७.२०१६)

फ्लैट बेचना है !

    सनातन संकुल, देवद, नवीन पनवेल स्थित, रेल्वे स्टेशन से वॉकींग डिस्टेन्स पर, सर्व सुविधायुक्त, NA प्लॉट पर २ बीएचके फ्लैट, भूतल, ८०० स्क्वे. फुट.
संपर्क : श्रीमती गौरी आफळे
९३२४२३७२९९, ९१६७८६६५३०

हिन्दुआें को प्रताडित करोगे, तो मुंहतोड प्रत्युत्तर देंगे !

सनातन का समर्थन करने और आधुनिकतावादियों
को प्रत्युत्तर देने १५० संगठनों का वज्र गठबंधन !

सम्मेलन में बोलते एड्. श्री. संजीव पुनाळेकर व अन्य मान्यवर

सनातन के निर्दोष साधकों पर हो रहा यह अन्याय ध्यान में रखें !

     श्री. समीर गायकवाड को पिछले १० महिने २१ दिनों से व डॉ. वीरेंद्रसिंह तावडे को १ महिना २७ दिनों से बिना किसी अपराध के कारागृह में रखा गया है । (यह अवधि दि. ६ अगस्त २०१६ तक की है ।)        
     केवल हिन्दुत्व की मानहानि करने हेतु सनातन के निर्दोष साधकों को कारागृह में रखनेवालों को हिन्दू राष्ट्र में दोगुना दंड दिया जाएगा !

विकासकार्य के मार्ग में बाधाएं !



      सत्तारूढ आम आदमी पार्टी (आप) देहली में पिछले कुछ दिनों से अपने विधायकों पर हो रहे विविध प्रकार के आरोपों के कारण चर्चा में है । अब उनके विधायक भगवंत मान संसद के प्रवेशमार्ग का वीडियो बनाने के कारण विवादित हो गए हैं । संसद की सुरक्षा के लिए जनप्रतिनिधि के रूप में उनका जो दायित्व है, उसकी उन्होंने उपेक्षा की है । सुरक्षा नियमों के अनुसार संसद के परिसर का चित्रीकरण करना प्रतिबंधित है । मान ने अपने घर से संसद भवन तक का मार्ग एवं संसद के विविध प्रवेशमार्गों का चित्रीकरण कर उसे सामाजिक जालस्थल पर शेयर किया । प्राथमिक अनुमान है कि उनका यह चित्रीकरण ८८ सहस्र लोगों ने देखा होगा । उनके इस कृत्य के लिए उन पर कार्यवाही होगी, यह निश्‍चित होने पर वे सतर्क हुए और लोकसभा अध्यक्षा श्रीमती सुमित्रा महाजन से मिलकर उन्होंने कहा, गलती हुई होगी, तो क्षमायाचना करूंगा । देश के संप्रभु सभागृह की सुरक्षा संकट में है; तब भी गलती  हुई है, यह निश्‍चित होने के लिए और कितना समय चाहिए ? पंद्रह वर्ष पहले पाकसमर्थित आतंकवादियों ने संसद पर आक्रमण किया था और उस आक्रमण में सुरक्षाकर्मी, पुलिस, बगीचे की देखभाल करनेवाले माली एवं अन्य कर्मचारी मिलकर १३ लोगों ने अपने प्राण गंवाए थे । भारतीय संसद का ऐसा इतिहास होते हुए भी सुरक्षा के संदर्भ में एक सांसद इतना लापरवाह है, इससे अधिक विचित्र और क्या हो सकता है ? जनप्रतिनिधि के रूप में निर्वाचित होने पर हमारा दायित्व कैसे बढ जाता है ? मुख्य दायित्व कौन-सा है ? इस संदर्भ में अनभिज्ञ रहनेवाले जनप्रतिनिधि कहलाने योग्य नहीं हैं । उन्हीं की पार्टी के एक भूतपूर्व सहयोगी ने बताया कि मान मद्यपान कर संसद में आते हैं और इसकी शिकायत अध्यक्ष से की है । यदि यह सत्य है, तो जनता यही कहेगी कि ये लोग जनसेवा के लिए नहीं, भोगविलास के लिए चुनाव जीतते हैं । भाजपा के एक सांसद ने कहा कि इस प्रकार का चित्रीकरण पुनः एक बार करने की मान की मंशा है । इसका अर्थ यह हुआ कि मान गंभीर नहीं है । ऐसे लापरवाह जनप्रतिनिधियों के रहते देश का विकास कैसे साध्य होगा और देश में हुआ सत्ता-परिवर्तन  कैसे सफल हो पाएगा ? मान बता रहे हैं कि उनके मतदातासंघ के लोग संसद के कामकाज से परिचित हो जाएं, इसीलिए उन्होंने यह चित्रीकरण किया । कितना अर्थहीन है यह स्पष्टीकरण ? यह चित्रीकरण सामाजिक जालस्थल पर रखने पर क्या उसे देश के शत्रु ने अपने संग्रह में नहीं रखा होगा ? इससे स्पष्ट हो रहा है कि हम वही कर रहे हैं, जो शत्रु चाहता है । इससे देश की सुरक्षा की दृष्टि से मन में अनेक प्रकार के संदेह उत्पन्न होते हैं ।
देश का दूषित वातावरण !
मान के इस कृत्य के कारण संसद का कामकाज स्थगित किया गया । इससे संसद का अमूल्य समय व्यर्थ हुआ । मान को इसके लिए दंडित किया जाना चाहिए । संसद में अनेक विधेयक प्रलंबित हैं । विरोधी दल कांग्रेस तथा अन्य दल संसदीय कामकाज में रोडे अटका रहे हैं । यह उनकी राजनीति है अथवा संसदीय लोकतंत्र में यह स्वीकार्य है, यह शोध का ही विषय है ! 

चीन की बढती दुष्टता !

चीन की विस्तारवादी महत्त्वाकांक्षा और उसे पूर्ण करने के लिए उसके द्वारा की जा रही दादागिरी भूमि, जल और आकाश, इन तीनों स्तरों पर दिखाई देती है । कुछ दिन पूर्व दक्षिण चीनी समुद्र में चीन ने बिना झिझक अवैधरीति से मानव-निर्मित उपद्वीप बनाए और वहां सेना का प्रबंध कर, पडोसी देशों पर दादागिरी करना आरंभ किया । अंंतर्राष्ट्रीय न्यायालय ने चीन को इस प्रकरण के लिए फटकारा; परंतु क्या चीन इसकी ओर ध्यान देगा ? न्यायालय के इस आदेश को सीधे ठुकराकर चीन ने अगले सप्ताह में उसी समुद्र में सैनिकी कवायतें की ।
चीनी सैनिकों ने कुछ दिन पूर्व ही उत्तराखंड के बाडाहोती क्षेत्र में घुसपैठ की थी । इस क्षेत्र का सर्वेक्षण करने गए भारतीय प्रशासकीय अधिकारियों ने अचानक से वहां चीनी सैनिकों को देखा । अधिकारियों को ही चीनी सैनिकों का लौट जाने की चेतावनी दी ! भारतीय सीमा में घुसपैठ करने की यह पहली ही घटना नहीं है । लद्दाख, अरुणाचल प्रदेश आदि में इसके पहले भी चीन ने कई बार घुसपैठ की है । भारत के नक्सलियों के पास भी चीनी शस्त्रास्त्र मिले हैं । पूर्वोत्तर राज्यों के विघटनवादियों की भी वह सहायता करता है । पाक के साथ उसकी मित्रता पूरा विश्‍व जानता है । यह देखते हुए चीन की कार्यवाहियों को प्रतिबंधित किया जाना आवश्यक था ।
कुछ दिन पहले ही राष्ट्रविघातक कार्यवाहियों में सम्मिलित होने के कारण भारत ने ३ चीनी पत्रकारों को देश छोडने के लिए कहा था । प्रत्येक शासन देश की राष्ट्रीय सुरक्षा की दृष्टि से कठोर निर्णय लेता रहता है । भारत ने भी ऐसा निर्णय लिया । इसके लिए चीन को शोर मचाने का कोई कारण नहीं है । क्योंकि दिसंबर २०१५ में एक फ्रेंच पत्रकार ने चीनी शासन की निंदा करने पर चीन ने भी उसे निकाल दिया था ।

चीनी वस्तुआें का बहिष्कार करें !

वास्तव में चीन को पाठ पढाना भारत के लिए सरल है । भारत में जितनी चीनी वस्तुएं आती हैं, उन्हें सीधे प्रतिबंधित करना चाहिए । नाक दबाने से मुंह खुलता है । चीन को सीधे सीमा पर नहीं, तो न्यूनतम उसे आर्थिक संकट में डालकर निश्‍चित ही पाठ पढाया जा सकता है । अत: प्रत्येक नागरिक को अपना राष्ट्राभिमान जागृत करना होगा ।  

दूसरा कश्मीर बनता जा रहा है उत्तरप्रदेश...!

  न्यायदंडाधिकारी के पास आवेदनपत्र !
 धर्मांधों द्वारा हिन्दुआें पर अत्याचार !
     लक्ष्मणपुरी (लखनऊ) - उत्तरप्रदेश के अलीगढ जनपद के बाबरी मंडी नामक मुसलमानबहुल क्षेत्र से अनेक हिन्दुआें ने पलायन किया है । अब वहां के अन्य १० परिवारों ने उनकी संपत्ति बेचकर स्थानांतरण के लिए न्यायदंडाधिकारी के पास आवेदन पत्र देने की बात सामने आई है । बाबरी मंडी क्षेत्र में प्रतिदिन गुंडागर्दी, छेडखानी, मारपीट, लुटपाट जैसे प्रकार हो रहे हैं ।

अश्‍लीलता का प्रसार करनेवाली अभिनेत्री सनी लियोन और उसके जालस्थल (वेबसाइट) पर तत्काल कार्यवाही की जाए ! - विधायक प्रा. देवयानी फरांदे, भाजप

मुंबई  अश्‍लील चलचित्रों में काम करनेवाली कुप्रसिद्ध अभिनेत्री सनी लियोन पर तत्काल कार्यवाही की जाए, ऐसी मांग नाशिक मध्य मतदातासंघ से भाजपा विधायक प्रा. देवयानी फरांदे ने ४ अगस्त को विधानसभा में की । इस विषय में हिन्दू जनजागृति समिति की महिला कार्यकर्ता श्रीमती अंजली पालन ने १५ जून २०१५ को डोंबिवली पुलिस थाने में शिकायत की थी । तब भी अभी तक दोषियों पर ठोस कार्यवाही नहीं हुई । जिससे कानून का हनन हुआ और समाज में बडी मात्रा में विकृति और अश्‍लीलता फैल रही है । युवा वर्ग अनुचित मार्ग की ओर जा रहा है । महिलाआें के संदर्भ में अनुचित भावनाएं निर्माण की जा रही हैं । इस पर शासन तुरंत कार्यवाही करे, ऐसी मांग प्रा. देवयानी फरांदे ने की । (समाज में विकृति फैलानेवाले कृत्यों के विरुद्ध आवाज उठानेवाली भाजपा विधायक प्रा. देवयानी फरांदे का अभिनंदन ! प्रा. फरांदे की मांग पर शासन गंभीरतापूर्वक विचार कर त्वरित कार्यवाही करे, ऐसी राष्ट्रप्रेमियों की मांग है ! - संपादक) (६ अगस्त)

भाजपशासित राजस्थान की गोशाला में ५०० गायों की मृत्यु !


राजस्थान में गोमंत्रालय और गोमंत्री होते हुए भी गोमाता की ऐसी स्थिति होना दुर्भाग्यपूर्ण !
जयपुर - यहां की हिंगोनिया गोशाला की दलदल में प्रतिदिन जीवित गाएं दफन हो रही हैं । पिछले ३ दिनों में यहां ५०० गायों के प्राण गंवाने का समाचार है ।
१. इस गोशाला से प्रतिदिन ६५ ट्रॉली गोबर निकला जाता है ।पिछले २ महिनों से गोबर नहीं निकाला गया ।

हिन्दू असंगठित हैं, इसीलिए आज कोई भी उठकर देवताओं का अनादर करने का साहस करता है ! इसलिए हिन्दुओं को संगठित होना चाहिए !

कैलिफोर्निया, अमरीका स्थित ब्लिजार्ड इंटरटेनमेंट के वीडियो
गेम से श्री दुर्गादेवी का किया विडंबन !
व्यावसायिक लाभ एवं मनोरंजन हेतु देवताआें की प्रतिमा का उपयोग करना अनुचित है । इसलिए इससे हिन्दुओं की धार्मिक भावनाओं का अपमान हुआ है । श्रीगणेश, शिव और दुर्गा इन हिन्दू देवताआें का स्थान मंदिर अथवा देवघर में होता है । पूरे विश्‍व के करोडो हिन्दू देवताआें की पूजा करते हैं ।

भगवा आतंकवाद पी. चिदंबरम की ही कपोल-कल्पना ! - पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा उपसलाहकार एस.डी. प्रधान

ऐसे पूर्व मंत्रियों पर कार्यवाही कर सरकार उन्हें कारागृह भेजें और कठोर दंड दिलाने का प्रयत्न करे !
नई देहली - रा.स्व. संघ को फंसाकर राजनीतिक लाभ के लिए देश के सामने लाया गया भगवा आतंकवाद तत्कालीन कांग्रेस सरकार के गृहमंत्री पी. चिदंबरम् की कपोल-कल्पना थी, ऐसी गोपनीय जानकारी संयुक्त गुप्तचर समिति के पूर्व प्रमुख और पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा उपसलाहकार एस.डी. प्रधान ने एक भेंटवार्ता में दी । कुछ हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों के भडकाऊ भाषणों के कारण साध्वी प्रज्ञासिंह और असीमानंद जैसे लोग भगवा आतंकवाद के षड्यंत्र की बलि चढे, यह भी प्रधान ने स्पष्ट किया ।

लेखक पीटर मैकलॉगलिन की इजी मीट पुस्तक द्वारा यूरोप में लव जिहाद के विरुद्ध जनजागरण !

धर्मांधों के लव जिहाद नामक राक्षस ने केवल भारत में ही नहीं, अपितु संपूर्ण यूरोप में उधम मचाई है । इसमें पाकिस्तान से आए शरणार्थियों का बहुत बडा हाथ दिखाई दे रहा है । इसके विरुद्ध जनजागरण करने के लिए पीटर मैकलॉगलिन नामक एक लेखक ने अपनी इजी मीट नामक पुस्तक में इस समस्या की विस्तृत चर्चा की है । लव जिहाद को इंग्लैंड में सेक्स ग्रूमिंग कहा जाता है, तो नीदरलैंड में ऐसे धर्मांध युवकों को लवर बॉईज के नाम से जाना जाता है ।

गांधीहत्या और राहुल....!

श्री. भाऊ तोरसेकर
 १. सर्वोच्च न्यायालय ने ही राहुल गांधी को फटकारा !
गांधी के हत्यारे, ऐसा एक आरोप बिना झिझक रा.स्व. संघ पर लगाया जाता है;  पर राहुल गांधी के इस आरोप को किसी संघ स्वयंसेवक ने न्यायालय में चुनौती दी । अब वही प्रकरण सर्वोच्च न्यायालय में पहुंच गया है और वहां राहुल को करारा थप्पड मिला है

देहली में धर्मांधों द्वारा शासन की २५ एकड भूमि हडपने का प्रयत्न !


     देहली - धर्मांधों द्वारा शहर के मयूर विहार एक्स मेट्रो रेल्वे स्थानक के पास बलपूर्वक बनावटी कब्र और स्मशान की निर्मिति कर अनुमानतः २५ एकड भूमि अवैध रीति से हडपने का प्रयत्न हो रहा है । इस संदर्भ में अखंड भारत मोर्चा संगठन के अध्यक्ष श्री. संदीप आहुजा ने राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण को यह बात ध्यान में ला दी । तदुपरांत राष्ट्रीय हरित प्राधिकरण ने इसके विरुद्ध परिवाद किया ।

राममंदिर प्रकरण की सुनवाई प्रतिदिन हो !

 राममंदिर प्रकरण में अन्य हिन्दू सांसद भी डॉ. स्वामी का समर्थन करें ! 
    नई देहली - अयोध्या में राममंदिर-निर्माण प्रकरण में सर्वोच्च न्यायालय में चल रही सुनवाई प्रतिदिन हो, अभियोग का निर्णय शीघ्र हो और राममंदिर का निर्माण तुरंत आरंभ किया जाए, ऐसी मांग भाजपा के वरिष्ठ सांसद डॉ. सुब्रह्मण्यम् स्वामी ने राज्यसभा में की है । (अयोध्या के राममंदिर का प्रश्‍न डॉ. स्वामी ही क्यों उठाते हैं । क्या अन्य हिन्दू सांसदों को नहीं लगता कि अयोध्या में राममंदिर बनना चाहिए ? - संपादक)  इसके पहले भी  डॉ. स्वामी ने यह प्रश्‍न राज्यसभा में उठाया था । (२३ जुलाई)        

जल संसाधन और गंगा संरक्षणमंत्री उमा भारती ने स्पष्ट कहा, पूजा साहित्य से गंगा नदी प्रदूषित नहीं होती !

तथाकथित पर्यावरण-रक्षकों को तमाचा !

नई देहली - नदी में प्रदूषण पूजा-सामग्री के कारण नहीं, अपितु औद्योगिक कूडे और नगरों के मल-मूत्र युक्त पानी से होता है यह बात जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षणमंत्री उमा भारती ने राज्यसभा में बताई तथा यह भी कहा कि गंगा नदी को प्रदूषित करनेवाले उद्योगों के विरुद्ध कठोर नियम बनाए जाएंगे । (उनसे अपेक्षा है कि वे यह बात कहने के साथ-साथ प्रदूषण करनेवालों पर कठोर कार्यवाही भी करें ! - संपादक)

गांधी की हत्या में लॉर्ड माऊंटबैटन और नेहरू का हाथ ! - डॉ. सुब्रह्मण्यम् स्वामी

     नई देहली - मोहनदास गांधी की हत्या के समय कितनी गोलियां चलाई गईं, इसके विषय में किसी को कुछ भी नहीं पता है, क्यों ? उनका शवपरीक्षण (पोस्टमार्टम) क्यों नहीं किया गया, इसकी भी किसी को जानकारी नहीं है । जब गांधीजी को गोलियां लगीं, तब उन्हें चिकित्सालय क्यों नहीं ले जाया गया ? उन्हें बिरला-भवन में क्यों रखा गया ?  भाजपा सांसद डॉ. सुब्रह्मण्यम् स्वामी ने २६ जुलाई को राज्यसभा में ऐसे प्रश्‍नों की झडी लगा दी । उन्होंने कहा कि गांधी हत्या के पीछे लॉर्ड माऊण्टबेटन व नेहरू का षड्यंत्र लगता है ।

कम से कम प्राणवायु के लिए तो गाय की रक्षा करें ! - गव्यसिद्धाचार्य डॉ. निरंजनभाई वर्मा

    पुणे (महाराष्ट्र) - विश्‍व में प्रदूषण के कारण  अनेक स्थानों पर प्राणवायु (आक्सिजन) की मात्रा २१ प्रतिशत से घटकर ११-१२ प्रतिशत रह गई है । परंतु भारत में २ करोड ५० लाख गाय होने के कारण यहां यह मात्रा १५-१६ प्रतिशत तक है । पृथ्वी पर सर्वाधिक प्राणवायु गाय के गोबर में मिलती है । एक गाय प्रतिदिन ८ किलो गोबर देती है । उससे २ किलो सूखा गोबर बनता है । इस सूखे गोबर को जलाने से प्राप्त भस्म में ६० प्रतिशत, अर्थात ३०० ग्राम प्राणवायु होती है । इसलिए भारत शासन गायों की रक्षा करे, ऐसी मांग चेन्नई (तमिलनाडु) के पंचगव्य गुरुकुलम के कुलपति गव्यसिद्धाचायर्ं डॉ. निरंजनभाई वर्मा ने की है । यह महत्त्वपूर्ण बात उन्होंने पृथ्वीराज कृषि गोविज्ञान अनुसंधान संस्थान की ओर से आयोजित देसी गाय का विज्ञान और पंचगव्य चिकित्सा विषय पर अपने मार्गदर्शन में कही । (३१ जुलाई)

मोदी और ट्रम्प की भाषा एक जैसी ! - देशद्रोह का आरोपी कन्हैया कुमार

यदि कोई कहे कि कन्हैया कुमार की, जिहादी आतंकवादियों की तथा कश्मीर में
पाक के झंडे फहरानेवाले देशद्रोहियों की भाषा एक-जैसी है, तो इसमें अनुचित क्या है ?
    कोजीकोड - मुसलमान और अन्य अल्पसंख्यक समाज के विरुद्ध प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमरीका में राष्ट्रपति पद के लिए रिपब्लिकन पार्टी के प्रत्याशी डोनाल्ड ट्रम्प की भाषा एक-जैसी है । ऐसा जेएनयू विद्यार्थी संगठन के नेता और देशद्रोह के आरोपी कन्हैया कुमार नेकोजीकोड में आयोजित ऑल इंडिया यूथ फेडरेशन के (एआइवायएफ) तीन दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन के उद्घाटन के समय कही । (४ अगस्त)      

मध्यप्रदेश में गोमांस की तस्करी करनेवाली दो धर्मांध महिलाआें को भीड ने पीटा !

जब धर्मांधों द्वारा हिन्दुआें पर, दलितों पर अत्याचार होता हैं, तब मायावती और
अन्य पुरोगामी महिला लोकप्रतिनिधि कभी अपना मुख खोलने का साहस नहीं करते !
हिन्दुवादियों पर कार्यवाही करने के लिए मायावती की राज्यसभा में व्यर्थ प्रलाप !
    नई देहली - मध्यप्रदेश के मंदसौर में रेलगाडी से ३० किलो गोमांस की तस्करी करने के संदेह में सलमा और शमीम इन २ महिलाआें को भीड ने पीटा । इस घटना की गूंज राज्यसभा में सुनाई दी । सांसद मायावती ने यह प्रश्‍न राज्यसभा में उपस्थित किया । तब, सभागृह में भारी कोलाहल मचा । इससे राज्यसभा का कामकाज स्थगित करना पडा । विरोधी दल के सांसदों ने, उन महिलाआें को पीटनेवाले हिन्दुत्ववादियों पर कार्यवाही करने की मांग की ।

डॉ. जाकिर नाईक को बंदी बनाकर उसकी संस्था पर प्रतिबंध लगाने के लिए और कितने प्रमाण चाहिए ?

 डॉ. जाकिर नाईक की संस्था
धर्मांतरण हेतु 
प्रति व्यक्ति ५० सहस्र रुपए खर्च करती है !
     मुंबई (महाराष्ट्र) - डॉ. जाकिर नाईक के इस्लामिक रिसर्च फाउंडेेशन के जनसंपर्क अधिकारी अरशी कुरेशी को कुछ दिन पहले बंदी बनाया गया है । उनके पास मिले कागदपत्रों से पता चला है कि इस संस्था ने लगभग ८०० लोगों का धर्मांतरण करवाया है । इसमें से प्रत्येक धर्मांतर के लिए संस्था ने ५० सहस्र रुपए व्यय किए हैं। यह पूरा धर्मांतर अवैधरीति से किया गया । कुरेशी के साथ उसके साथी रिजवान को भी बंदी बनाया गया है। 
     इन दोनों की पूछताछ से मिली जानकारी के अनुसार रिजवान मौलवी है । वह लोगों को पहले मानसिक स्तर पर धर्मांतर के लिए तैयार करता था ।

एक भारत अभियान : चलो कश्मीर की ओर...

इंदूर (निजामाबाद) में भव्य सभा से हिन्दुआें में जागी धर्मबंधुत्व की भावना !
कश्मीरी हिन्दुआें को उनका वैधानिक अधिकार दिलाने
 के लिए 
संपूर्ण भारत के हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों के प्रयत्नों में आया वेग !
सभा का दीपप्रज्वलन करते हिन्दुत्वनिष्ठ : (बाएं से) शिवसेना के श्री. अर्जुन यादव,शिवसेना के कर्नूल जिलाध्यक्ष
श्री. प्रकाश रेड्डी, अधिवक्ता श्री. विष्णुशंकर जैन, श्री. रमेश शिंदे, अधिवक्ता श्री. गंगाधर गौड, श्री. टी.एन. मुरारी,
श्री. तपन घोष, गुरु सत्ता संगठन के श्री. रुद्र वर्मा, श्री. मुरली मनोहर शर्मा, श्री. अनिल धीर और श्री. गोपी किशन गौड

डॉ. जाकिर नाईक के पीस स्कूलों पर बांग्लादेश में लगेगा प्रतिबंध !

 भारत में पीस स्कूलों
पर प्रतिबंध कब लगेगा ?
     ढाका - बांग्लादेश में डॉ. जाकिर नाइक के पीस स्कूल नाम से चलनेवाले सभी विद्यालयों को बन्द करने का आदेश वहां की सरकार ने जारी किया है । ढाका के लालमतिया, मलिबाग और उत्तरा में पीस स्कूल के महाविद्यालय हैं तथा उनके प्रधानाचार्य डॉ. जाकिर नाइक ही हैं । (भारत में भी चलनेवाले सारे पीस स्कूलों पर पूर्णतः प्रतिबंध लगना चाहिए । पता चला है कि इन पीस स्कूलों में पढानेवाले कुछ शिक्षकों का संबंध इसिस से है । भारत सरकार को बांग्लादेश से सीखना चाहिए ! - संपादक) (४ अगस्त) 

डॉ. जाकिर नाइक की संस्था को विदेश से १५ करोड रुपए का दान !

     डॉ. जाकिर नाइक की संस्था, इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन को विदेश से धन मिल रहा है, यह जानकारी गृहमंत्रालय की जांच में सामने आई है । इस संस्था को वर्ष २०१२ तक ब्रिटेन, सऊदी अरब और मध्य-पूर्व देशों से १५ करोड रुपए मिले थे । यह एफसीआरए के नियमों का उल्लंघन है । ढाका आक्रमण के पश्‍चात, केंद्रशासन ने इस संस्था की जांच करने के आदेश दिए हैं । जांच में यदि सिद्ध होता है कि इस प्रकरण में एफसीआरए के नियमों का उल्लंघन हुआ है, तब इस संस्था के विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी । (२९ जुलाई)       

असम के कोकराझार में हुए आतंकवादी आक्रमण में १४ लोगों की मृत्यु !

     कोकराझार - कोकराझार जिले के बालाघाट तीनलो स्थित बाजार में आतंकवादियों द्वारा की गोलीबारी तथा बम-विस्फोट में १४ लोगों की मृत्यु हो गई तथा अनेक घायल हुए । मृतकों और घायलों की संख्या बढने की आशंका है ।
    इस आक्रमण के नैशनल डेमोक्रेटिक फ्रंट ऑफ बोडोलैण्ड (एनडीएफबी) संगठन के आतंकवादियों का हाथ होने का संदेह व्यक्त किया गया है । केंद्रीय गृहराज्यमंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि हम घटना की समीक्षा कर रहे हैं । कोकराझार  बोडोलैण्ड के आतंकवादियों का मुख्य स्थान है । हम वहां के नागरिकों की सुरक्षा की ओर ध्यान दे रहे हैं । (आतंकवादग्रस्त भारत को आतंकवाद से मुक्त करने हेतु हिन्दू राष्ट्र (सनातन धर्म राज्य) ही आवश्यक है ! - संपादक) (६ अगस्त)       

(कहते हैं) कश्मीर का पाक में विलय होने के दिन की प्रतीक्षा कर रहा हूं ! - नवाज शरीफ

     मुजफ्फराबाद (पाकअधिकृत कश्मीर) - पाक के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के दल को पाकअधिकृत कश्मीर में हुए चुनाव में ४१ में से ३० स्थानों पर विजय मिली है । इस उपलक्ष्य में की गई सभा में शरीफ ने कहा कि कश्मीर पाकिस्तान का भाग बने, उस दिन की प्रतीक्षा कर रहा हूं ।
     उनके इस वक्तव्य पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए भारत की विदेशमंत्री सुषमा स्वराज ने कहा, शरीफ का यह स्वप्न कभी पूरा नहीं होगा । पाकिस्तान ने कश्मीर में आतंकवाद बढाने के अतिरिक्त कुछ नहीं किया है । नवाज शरीफ जिस बुरहान वानी को शहीद बता रहे हैं, वह हिजबुल का कमांडर था, क्या यह बात शरीफ नहीं जानते ? (कश्मीर में भारतीय सेना है, इसीलिए वह अबतक भारत में है; अन्यथा कांग्रेस और गांधी-नेहरू परिवार तो उसे बहुत पहले पाक को उपहार में दे देता ! - संपादक) (२६ जुलाई)   

(कहती हैं) गायों के सर्वेक्षण की आड में, भगवा ध्रुवीकरण का प्रयत्न नहीं सहूंगी !

क्या कभी ममता बनर्जी कहती हैं, जिहादी आतंकवाद नहीं सहूंगी ?
तृणमूल कांग्रेस की मुख्यमंत्री ममता (बानो) बनर्जी की अहंकारी गर्जना !
     प्रत्येक घर में कितनी गाय है, इस सर्वेक्षण की आड में बंगाल राज्य का भगवा ध्रुवीकरण हो, ऐसा प्रयत्न हिन्दू जागरण मंच और गोरक्षादल कर रहे हैं । इसमें कुछ राजनीतिक दलों का भी हाथ है, उनका यह प्रयत्न सफल नहीं होने दूंगी, यह अहंकारपूर्ण गर्जना तृणमूल काँग्रेस की प्रमुख और बंगाल की मुख्यमंत्री ममता (बानो) बनर्जी ने की है । वे यहां आयोजित एक सभा में बोल रही थीं । उन्होंने आगे कहा, जब कोई बकरे का अथवा मुर्गी का मांस खात है, तब किसी को आपत्ति नहीं होती; परंतु गोमांस का विषय निकलते ही कुछ लोग चिल्लाने लगते हैं । कोई साडी याधोती पहना है, तब किसी को आपत्ति नहीं होती; परंतु सलवार-कमीज अथवा लुंगी पहनने पर ये लोग चिल्लाने लगते हैं । कोई क्या खाए व क्या पहने, यह ठहरानेवाले ये कौन होते हैं ? (२५ जुलाई)

न्यायालय प्रत्येक अच्छी बात को समाज पर लागू करने के लिए आदेश नहीं दे सकता ! - सर्वोच्च न्यायालय

     नई देहली  - सीबीएसई की पहली कक्षा से १२ वीं कक्षा तक के पाठ्यक्रम में नैतिक शिक्षा को अनिवार्य बनाने की मांग करनेवाली याचिका को न्यायालय ने यह कहकर सुनने से अस्वीकार कर दिया कि हम समाज को प्रत्येक अच्छी बात लागू करने के लिए जनहित याचिकाआें के माध्यम से आदेश नहीं दे सकते । न्यायालय की भी एक सीमा होती है, जिसका उल्लंघन नहीं किया जा किय जा सकता । ऐसे विषयों में निर्णय करने का अधिकार सरकार के शिक्षा विभाग से संबंधित लोगों को है । (समाज में सुव्यवस्था लाने का प्रयत्न शासन नहीं करता और यह विषय न्यायालय के अधिकारक्षेत्र में नहीं होने से न्यायालय भी असमर्थ है ! तो इसका निर्णय कौन करेगा ? इसलिए धर्माधिष्ठित हिन्दू राष्ट्र स्थापित करना आवश्यक है ! - संपादक) (२५ जुलाई)

यह है देश की दयनीय स्थिति ! इसके लिए सभी दलों के राज्यकर्ता ही दोषी हैं !


देश के ५७ % डॉक्टरों के पास चिकित्सा करने का प्रमाणपत्र ही नहीं है !
     देश के ५७ प्रतिशत चिकित्सकों के पास चिकित्सा करने का प्रमाणपत्र ही नहीं है, यह आश्‍चर्यजनक तथ्य संयुक्त राष्ट्रसंघ के (यूनो के) जागतिक स्वास्थ्य संगठन के द हेल्थ वर्कफोर्स इन इंडिया के प्रतिवेदन से ज्ञात हुआ है । इसमें एक तृतीयांश डॉक्टर केवळ माध्यमिक शिक्षाप्राप्त हैं, फिर भी रोगियों का उपचार करते हैं । केवल ग्रामीण भाग में १८.८ प्रतिशत स्वास्थ्य कर्मचारियों के पास चिकित्सा करने की पात्रता है । यह प्रतिवेदन वर्ष २००१ में प्राप्त जनगणना की जानकारी के आधार पर बनाया गया है । (२६ जुलाई)         

भारतीय सेना ने सीमा पर नियुक्त रणगाडियों (टैंकों) के नाम टीपू सुलतान और औरंगजेब रखे !

    वर्ष १९६२ के भारत-चीन युद्ध के पश्‍चात भारत ने पहली बार ही लद्दाख में भारत-चीन सीमा पर १०० रणगाडियों को नियुक्त किया है । इनमें कुछ रणगाडियों के नाम टीपू सुलतान, औरंगजेब इत्यादि रखे गए हैं, यह जानकारी रक्षामंत्रालय के सूत्रों से मिली है । (हिन्दुआें का नरसंहार करनेवाले विदेशी आक्रमणकर्ताआें के नाम देनेवाली भारतीय सेना व रक्षाविभाग को अब भारत का सत्य इतिहास पढाने की आवश्यकता है - संपादक) (१ अगस्त)

अमरनाथयात्रा आरंभ नहीं हुई, तो मुसलमानों को भी हजयात्रा नहीं करने देंगे !

हिन्दुआें पर होनेवाले अत्याचारों के विरुद्ध
बार- बार बोलनेवाली शिवसेना ही हिन्दुआें को आधार लगती है !
     बाळासाहेब ठाकरेजी का शिवसैनिक समय आने पर मार्ग पर आकर दो-दो हाथ करने के लिए और जैसे को तैसा उत्तर देने के लिए भी सदैव तत्पर है । यदि अमरनाथयात्रा आरंभ नहीं हुई, तो इसके पश्‍चात एक भी मुसलमान को हजयात्रा नहीं करने देंगे, यह चेतावनी शिवसेना की ओर से ११ जुलाई को पुणे में आयोजित, अमरनाथयात्रा पर रोक के विरुद्ध आंदोलन में दी गई ।(२७ जुलाई) 
    अब, हिन्दुस्थान में पाकिस्तान आदि शत्रुआें द्वारा प्रायोजित आतंकवाद को समूल उखाड फेंकने के लिए तथा पवित्र सिन्धु नदी को मुक्त करने के लिए हिन्दुस्थान को बलवान और अखंड बनाना आवश्यक है ! - प्रज्वलंत, (२२.६.२००२)           

पटना में पीएफआई ने की घोषणा दी, पाकिस्तान जिन्दाबाद !

    पटना में पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) नामक संगठन की ओर से एमआइएम के नेता सांसद असदुद्दीन ओवैसी और डॉ. जाकिर नाइक के समर्थ में मोर्चा निकाला गया, जिसमें पाकिस्तान जिंदाबाद की घोषणा दी गई । इस प्रकरण में पुलिस ने मुहम्मद तौसिफ को संशय के आधारपर बंदी बनाया है । तौसिफ, पॉपुुलर फ्रन्ट ऑफ इंडिया का मिथिलांचल का सचिव है । (२६ जुलाई)        

इस्लाम के शांति के संदेश को आतंकवादी अलग रूप दे रहे हैं ! - अरब लीग परिषद


इस्लामिक स्टेट जैसे जिहादी आतंकवादी संगठनों
से अपना देश त्रस्त होने लगा, तब जागे मुसलमान देश !
     नोआकोट (मॉरिटेनिया) - यहां के २२ देशों की अरब लीग परिषद २५ जुलाई को संपन्न हुई । इस्लाम के नाम पर आतंकवाद फैलाने की प्रवृत्ति का इस परिषद में विरोध किया गया । परिषद के प्रारंभ में इजिप्त के प्रधानमंत्री शेरिफ इस्माईल ने कहा, संसार में आतंकवाद फैलाने के लिए आतंकवादियों द्वारा धार्मिक भाषा का उपयोग किया जा रहा है । इस्लाम के शांति के संदेश को आतंकवादी अलग रूप दे रहे हैं । मॉरिटेनिया के अध्यक्ष मोहम्मद उल्द आब्देल अजीज ने आतंकवादियों के अंधे हिंसाचार की निंदा की । इस समय उन्होंने इजरायल और फलस्तीन का झगडा सुलझाने के लिए नए सिरे से प्रयत्न करने का भी आवाहन किया ।

अनेक देश मानने लगे हैं कि मुसलमानों को अपने देश में बसाना, संकट को निमंत्रण देना है !

विश्‍व का इस्लामीकरण हो रहा है, यह बात यदि भारत में किसी
ने कही होती, तब आधुनिकतावादियों ने कितना कोलाहल किया होता !
     न्यूयॉर्क - नीदरलैण्ड के राजनीतिज्ञ गीर्ट विल्डर्स अपने जालस्थल (वेबसाइट) ब्रेटबर्ट डॉट कॉम पर प्रकाशित लेख में कहते हैं, हंगरी (यूरोप का एक देश) में हुए एक जनमत संग्रह के अनुसार वहां के ७० प्रतिशत यूरोपीय नागरिकों का मानना है कि विस्थापित मुसलमानों को यूरोप में बसाना संकटपूर्ण है । वे आगे लिखते हैं, द वॉशिंग्टन पोस्ट में छपी जानकारी के अनुसार आज के यूरोपीय संघ के २८ देशों में वर्ष २०६९ तक ७ करोड ७७ लाख मुसलमान स्थाई रूप से बस जाएंगे ।

पोकेमॉन गो खेल के प्रति सतर्क रहने की महाराष्ट्र विधान परिषद में मांग !

ऐसे निरर्थक व प्राणघातक पाश्‍चात्य खेलों पर प्रतिबंध लगें !
मुंबई (विशेष प्रतिनिधि) - सचल दूरभाष (मोबाइल) पर पोकेमॉन गो नामक ऑनलाइन खेल खेलते समय भान खो जाने से अनेक लोगों ने अपने प्राण संकट में डालने की तथा कुछ लोगों द्वारा प्राण गंवाने की घटनाएं सामने आ रही हैं । अतः राज्य के विद्यार्थियों का भविष्य देखते हुए पोकेमॉन गो, इस खेल के प्रति सतर्क रहने की सूचनाएं शासन द्वारा दी जाएं, ऐसी मांग विधायक नीलम गोर्‍हे ने प्रासंगिक सूत्र के माध्यम से २२ जुलाई को विधान परिषद में की । (२५ जुलाई)

राजस्थान हाईकोर्ट एडवोकेट्स असोसिएशन, जोधपुर द्वारा केंद्रीय गृहमंत्री को पत्र; सनातन पर प्रतिबंध की मांग एक षड्यंत्र है !

सनातन संस्था पर प्रतिबंध की मांग का प्रकरण !
जोधपुर (राजस्थान) - सनातन संस्था ऋषि परंपरा एवं साधना का संस्कार देने का अनमोल कार्य कर रही है । सनातन की आध्यात्मिक शिक्षा के कारण जनता में एक ईश्‍वरीय विश्‍वास एवं चेतना जागृत हो रही है । सनातन संस्था का समाज और राष्ट्र के विकास में अभूतपूर्व योगदान है । हमने सुना है कि कुछ राष्ट्र विरोधी और नास्तिक विचार के संगठन संस्था पर प्रतिबंध लाने की मांग सरकार से कर रहे हैं ।

लडकियों के लिए स्वरक्षा प्रशिक्षण अनिवार्य किया जाएगा ! - मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस

     कोपर्डी (जनपद नगर, महाराष्ट्र) - कोपर्डी में बलात्कार कर उस लडकी की हत्या की गई । इस घटना की ओर सरकार गंभीरता से देख रहा है और राज्य के विद्यालयों में लडकियों को स्वरक्षा प्रशिक्षण और बच्चों को संस्कार के पाठ अनिवार्य करने का विचार है । अत्याचार और हत्या की यह घटना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है तथा सरकार पीडित परिवार की पूरी सहायता करेगा । आरोपियों को फांसी होने तक मैं इसमें ध्यान दूंगा, ऐसा आश्‍वासन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने २५ जुलाई को यहां दिया ।
लडकी के परिजनों से मिलकर मुख्यमंत्री फडणवीस ने उनकी सांत्वना करते हुए कहा, एक महीने में आरोपियों के विरुद्ध दोषारोपपत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा । (२६ जुलाई)  

सनातन द्वारा प्रकाशित ग्रंथ

 देवताओें के प्रति श्रद्धा जागृत करनेवाली देवी-देवताओें की उपासनासंबंधी ग्रंथमाला
श्रीविष्णु, श्रीराम एवं श्रीकृष्ण 
श्रीविष्णु, श्रीराम एवं श्रीकृष्ण के नामों का अर्थ, उनकी गुण-विशेषताएं, उनके रूप का भावार्थ, उनकी उपासनापद्धति तथा उसका अध्यात्मशास्त्रीय आधार, उनसे संबंधित त्यौहार, व्रत एवं उत्सव मनाने का धर्मशास्त्रीय आधार, उनके नामजप के लाभ आदि संबंधी विवेचन इस ग्रंथ द्वारा समझ लें !

कर्मयोग अर्थात कर्म के माध्यम से ईश्‍वर की प्राप्ति !
कर्मयोग का विवेचन करनेवाली ग्रंथमाला

सकाम-निष्काम कर्म, कर्मफलत्याग, अकर्म कर्म

प्राणशक्ति (चेतना) प्रणाली में अवरोध के कारण होनेवाले विकारों पर उपाय (रोगनिवारण के लिए प्राणशक्ति (चेतना) प्रणाली के अवरोधों को स्वयं ढूंढकर दूर करना)

सनातन के आगामी आपातकाल के लिए संजीवनी इस ग्रंथमाला का नूतन ग्रंथ !

मनोगत 

१. उपचार-पद्धति का मर्म
 मानव के स्थूल शरीर में रक्त-परिसंचरण, श्‍वसन, पाचन, तंत्रिका इत्यादि विविध तंत्र कार्यरत रहते हैं । इन्हें तथा मन को कार्य करने के लिए आवश्यक ऊर्जा प्राणशक्ति प्रणाली प्रदान करती है । इसमें कहीं भी अवरोध उत्पन्न होने पर संबंधित इंद्रिय की कार्यक्षमता घट जाती है, जिससे उस में विकार उत्पन्न होते हैं । तब उस इंद्रिय का कार्य सुधारने के लिए कितनी भी आयुर्वेदिक, एलोपैथिक आदि औषधियों का  सेवन कर लें,  विशेष लाभ नहीं होता ।

सनातन की ग्रंथश्रृखंला भावी आपातकाल की संजीवनी के ग्रंथों का तमिल, तेलुगु, मलयालम, बंग्ला और ओडिया भाषाआें में अनुवाद करने के लिए सहायता करने की विनती !

१. आपातकाल में आनेवाली विपदाआें और रोगों का सामना करने के लिए तैयारी करने की आवश्यकता : संत-महात्मा, ज्योतिषी आदि के अनुसार आगामी काल भीषण आपातकाल है तथा समाज को अनेक विपत्तियों का सामना करना पडेगा । आपातकाल में स्वयं के साथ परिजनों के स्वास्थ्य की रक्षा करना, बडी चुनौती है । आपातकाल में परिवहन के साधन उपलब्ध न होने के कारण रोगी को चिकित्सालय में ले जाना, औषधियां मिलना भी कठिन होता है । आपातकाल में होनेवाले रोगों की तैयारी हेतु सनातन संस्था ग्रंथश्रृंखला भावी आपातकाल की संजीवनी तैयार कर रही है । 

चावल का भात बनाते समय संस्कार महत्त्वपूर्ण !

अन्न पर भारतीय संस्कार !
वैद्य सुविनय दामले
कुकर में भात बनाने से वह चिपचिपा होता है । पानी भात में रिसता है । चावल से दुगुना पानी लेकर कुकर में २५० सेंटीग्रेड तापमान पर १५ से २० मिनट पकाने पर क्या उसमें जीवनसत्व शेष रहेंगे ? एक ओर गैस की बचत होगी, किंतु दूसरी ओर डॉक्टर पर स्थायीरूप से अधिक व्यय करना पडेगा !

रासलीला अर्थात भगवान द्वारा गोपियों को दी गई अत्युच्च आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति !

धर्मद्रोहियों का यह आरोप कि रासलीला
श्रीकृष्ण की कामक्रीडा है, कितना निष्फल है इसके कुछ सूत्र..
१. उस समय श्रीकृष्ण की आयु मात्र ८ वर्ष थी । गोपियां सहस्रों थीं । इतनी सारी स्त्रियों से एक साथ संबंध रखना किसी के लिए संभव नहीं है !
२. सप्तदेवता कामदेव के अधीन नहीं होते । कामदेव ने जब शिवजी का ध्यान भंग किया, तो उन्होंने अपना तीसरा नेत्र खोलकर उसे भस्म कर दिया ।
३. श्रीकृष्ण स्वयं बताते हैं, मैं साक्षात ईश्‍वर हूं, इसलिए मुझमें वासनाएं होने का प्रश्‍न ही नहीं उठता । इसके विपरीत, मुझमें वासना-विनाश का अपूर्व सामर्थ्य है; इसलिए रासलीला पूर्णतः आध्यात्मिक स्तर पर हो रही थी । रासलीला के कारण गोपियों की वासना नष्ट हो गई और वे भी मेरे समान शुद्ध एवं पवित्र हो गईं ।
(संदर्भ : सनातन का लघुग्रंथ रासलीला) 

भगवान श्रीकृष्ण की विशेषताएं एवं कार्य

 कृष्ण जन्माष्टमी विशेष कृष्ण जन्माष्टमी भाद्रपद कृष्ण पक्ष सप्तमी (२४ अगस्त)
 १. बुद्धिमान
कंसवध एवं उपनयन के पश्‍चात बलराम-कृष्ण अवंती में गुरु सांदीपनि के आश्रम गए । वहां श्रीकृष्ण ने ६४ दिनों में १४ विद्याएं एवं ६४ कलाएं सीखीं । सामान्यतः एक विद्या सीखने में दो से ढाई वर्ष लगते थे ।
२. ज्येष्ठों का भी श्रीकृष्ण से परामर्श लेना
ज्येष्ठों के साथ भी श्रीकृष्ण की निकटता थी । सात वर्ष की कोमल आयु में ही श्रीकृष्ण ने गोपियों को मथुरा जाने से रोका, क्योंकि दुष्ट कंस को दूध बेचकर धनार्जन करना उन्हें स्वीकार न था । तब से वयोवृद्ध भी पूर्ण विश्‍वास रख उनका मत मानने लगे एवं श्रीकृष्ण भी उनके विश्‍वास के पात्र बने ।

समर्पित भाव से समष्टि साधना कर विहंगम प्रगति करनेवाली सनातन की संत पू. (श्रीमती) बिंदा सिंगबाळ व पू. (श्रीमती) अंजली गाडगीळ सद्गुरुपद पर आरूढ !

एक-दूसरे के लिए पूरक कार्य करनेवाली आध्यात्मिक संत-सखियों ने किया एक-दूसरे का सम्मान !
पूज्य (श्रीमती) बिंदा सिंगबाळ

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के निमित्त

 भगवान कृष्ण की तिथि
भगवान श्रीकृष्ण का जन्म भाद्रपद कृष्ण पक्ष अष्टमी की मध्यरात्रि में जब रोहिणी नक्षत्र में चंद्र वृषभ राशि में था । आठ क्षयांक है । श्रीराम का जन्म नवमी के दिन हुआ । नौ पूर्णांक है । 
विशेषता
गोकुलाष्टमी की तिथि पर श्रीकृष्ण का तत्त्व पृथ्वी पर नित्य की तुलना में १००० गुना अधिक कार्यरत होता है । इस तिथि पर गोकुलाष्टमी का उत्सव मनाने तथा ॐ नमो भगवते वासुदेवाय । नामजप आदि उपासना भावपूर्ण रूप से करने पर नित्य की तुलना में अधिक मात्रा में कार्यरत कृष्णतत्त्व का लाभ मिलता है ।

राष्ट्रभाषा हिन्दी की दुर्दशा रोकें और शुद्ध हिन्दी का प्रयोग करें !

भाषाशुद्धि का व्रत : पाठकों से निवेदन !
वर्तमान में हमारे द्वारा उपयोग में लाई जानेवाली हिन्दी, शुद्ध हिन्दी भाषा नहीं है, वह अरबी-फारसी-उर्दू-मिश्रित हिन्दी भाषा है । विदेशियों ने स्थूल आक्रमण के उपरांत भाषा पर आक्रमण किया । इसे असफल करने के लिए हिन्दी में घुसे कुछ विदेशी और उनके पर्यायी शब्द नीचे दिए है, इसका उपयोग करें । (संदर्भ - सनातन का ग्रंथ - राष्ट्रभाषा हिन्दीकी दुर्दशा रोकें !)

हिन्दी - न राजभाषा और न राष्ट्रभाषा !

  १४ सितंबर, अर्थात राष्ट्रभाषा दिन ! राष्ट्रभाषा समझी जानेवाली हिन्दी भाषा, वस्तुतः न राजभाषा है और न राष्ट्रभाषा । इस दुर्दशा के कारण इतिहास में ढूंढना आवश्यक है । डॉ. रामसेवक शुक्लजी के लेख के कुछ अंश...
लेखक : डॉ. रामसेवक शुक्ल, वरिष्ठ विचारक, संस्थापक संपादक ठेंगे पर सब मार दिया
१. हिन्दी भाषा को संविधान में कहीं भी राष्ट्रभाषा नहीं कहा गया हिन्दी भाषा को भारतीय संविधान में कहीं भी राष्ट्रभाषा नहीं कहा गया है । परंतु, संविधान समिति की भाषा-संबंधी सभी बैठकों में हिन्दी को राष्ट्रभाषा संबोधित किया जाता था । कुछ वर्ष पश्‍चात, शासन को भाषा-संबंधी विषय का उपयोग करना संभव हो, उसे लटकाए रखा जा सके और अंग्रेजी का आधिपत्य प्रस्थापित किया जा सके, इसके लिए राजभाषा शब्द को संविधान की चोर खिडकी से प्रवेश दिलाया गया ।

डॉ. जाकिर नाईक के बंगाल में प्रवेश पर लगे प्रतिबंध !

हिन्दू जनजागृति समिति तथा अन्य हिन्दुत्वनिष्ठ संगठनों ने बंगाल के राज्यपाल को सौंपा ज्ञापन !
राज्यपाल केसरीनाथ त्रिपाठी (बाएं) को ज्ञापन सौंपते हुए
बाएं से श्रीमती राजश्री चौधरी, 
श्री. उपानंद ब्रह्मचारी और श्री. चित्तरंजन सुराल
     कोलकाता (प. बंगाल) - हिन्दू जनजागृति समिति के पूर्वी एवं उत्तर पूर्वी भारत समन्वयक श्री. चित्तरंजन सुराल और अन्य हिन्दू संगठनों का प्रतिनिधि मंडल बंगाल के राज्यपाल केसरीनाथ त्रिपाठी से ३० जुलाई को मिला और उन्हें बंगाल में डॉ. जाकिर नाईक तथा उनके पीस टीवी पर प्रतिबंध लगाने संबंधी ज्ञापन सौंपा । इस प्रतिनिधि मंडल में श्री. सुराल के साथ हिन्दू एक्जिस्टन्स जालस्थल के संपादक श्री. उपानंद ब्रह्मचारी, अखिल भारतीय हिन्दू महासभा की राज्य अध्यक्षा श्रीमती राजश्री चौधरी, निखिल बंग नागरिक संघ के मुख्य सचिव श्री. सुभाष चक्रवर्ती तथा धर्म उत्थान समिति के श्री. बिकर्ण नस्कर उपस्थित थे । इस अवसर पर माननीय राज्यपाल ने प्रतिनिधि मंडल को आश्‍वासन दिया कि अब तक हिन्दुआें पर जो अत्याचार हुए हैं, वे आगे न हों, इसके लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए जाएंगे । इसके अतिरिक्त, जातीय द्वेष तथा भेदभाव का वातावरण समाप्त हो, इसके लिए भी यथासंभव सारे प्रयास किए जाएंगे ।  

भृगुसंहिता और शिवसंहिता के सनातन आश्रम में शुभागमन पर साधकों ने अनुभव किए चैतन्यमय क्षण !

(बाएं से) डमरू बजाते हुए डॉ. विशाल शर्मा, भृगुसंहिता के साथ
श्री. गौरव सेठी, शिवसंहिता के साथ डॉ. सुनील चोपडा । शिवसंहिता की आरती
उतारती सद्गुरु (श्रीमती) बिंदा सिंगबाळ तथा उनके समीप पूज्य डॉ. मुकुल गाडगीळ
     रामनाथी (गोवा) - ३१ जुलाई की सायं होशियारपुर, पंजाब के विख्यात भृगुसंहिता और शिवसंहिता वाचक डॉ. विशाल शर्मा और नाथद्वारा, राजस्थान के भृगुसंहिता वाचक डॉ. सुनील चोपडा का आश्रम में शुभागमन हुआ ।

परात्पर गुरु डॉ. आठवलेजी ने हिन्दू राष्ट्र की स्थापना का निश्‍चय किया है, तो वह अवश्य होगा ! - पू. स्वामी सर्वानंद सरस्वती

हिन्दू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक पूज्य चारुदत्त पिंगळेेजी की देहली के वसंतकुंज में रहनेवाले पूज्य स्वामी सर्वानंद सरस्वती से भेंट !
पूज्य चारुदत्त पिंगळेजी (बाएं) और पूज्य स्वामी सर्वानंद सरस्वती
देहली - हिन्दू जनजागृति समिति के राष्ट्रीय मार्गदर्शक पूज्य चारुदत्त पिंगळेजी यहां के वसंतकुंज में रहनेवाले पूज्य स्वामी सर्वानंद सरस्वती से मिले और उन्हें समिति के कार्य की जानकारी दी । पूज्य डॉ. चारुदत्त पिंगळेजी ने स्वामीजी को रामनाथी (गोवा) स्थित सनातन के आश्रम में आने का निमंत्रण दिया । तब परात्पर गुरु डॉ. आठवलेजी के विषय में स्वामीजी ने कहा, उन्होंने हिन्दू राष्ट्र की स्थापना का निश्‍चय किया है, तो वह अवश्य होगा ।

राष्ट्रीय चैनलों द्वारा विघटनकारी तत्वों को महत्त्व देने से रोकने हेतु एड्. कमलेशचंद्र त्रिपाठी द्वारा जिलाधिकारी को आवेदन !

     राष्ट्रीय चैनलों द्वारा विघटनकारी तत्वों को महत्त्व देने से रोकने हेतु एड्. कमलेशचंद्र त्रिपाठी द्वारा जिलाधिकारी को आवेदन ! वाराणसी (उ.प्र.)  कुछ दिनपूर्व इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन के अध्यक्ष जाकिर नाईक का इंटरव्यू एक राष्ट्रीय चैनल पर प्रसारित हुआ । जिसमें उन्होंने गोमांस पर सार्वजनिक रूप से हृदयविदारक वक्तव्य दिया । राष्ट्रीय चैनलों पर आने से ऐसे विघटनकारी तत्त्व सेलिब्रेटी के रूप में स्थापित हो जाते हैं । आगे कट्टरवाद तथा जिहाद के नाम पर लोग उनसे जुडते हैं, जिससे राष्ट्र की सुरक्षा तथा शांति प्रभावित होती है । इसे ध्यान में लाते हुए अधिवक्ता कमलेशचंद्र त्रिपाठी ने ऐसे प्रसारणों पर रोक लगाने तथा ऐसा प्रसारण करनेवालों के विरुद्ध समुचित वैधानिक कार्यवाही करने हेतु जिलाधिकारी को आवेदन दिया है  । 

सामाजिक दुष्प्रवृत्तियों के विरुद्ध कृति करना कर्तव्य ही है ! - पू. डॉ. चारुदत्त पिंगळे

फरीदाबाद (हरियाणा) में हिन्दूसंगठन सम्मेलन !
बाएं से कु. कृतिका खत्री, अधिवक्ता हरि शंकर जैन और मार्गदर्शन करते पू. डॉ. चारुदत्त पिंगळे
      फरीदाबाद (हरियाणा) - आज प्रत्येक क्षेत्र में भ्रष्टाचार का सामना करना पड रहा है । प्रशासन, स्वास्थ्य, शिक्षा, पुलिस इनमें से कहीं भी आज सामान्य व्यक्ति को न्याय नहीं मिलता, ऐसी स्थिति है ।

अखिल भारतवर्षीय माहेश्‍वरी महासभा की बैठक में सनातन संस्था की ओर से अध्यात्मप्रसार !

      जोधपुर (राजस्थान) - यहां २४ जुलाई को हुई अखिल भारतवर्षीय माहेश्‍वरी महासभा की बैठक में सनातन संस्था की ओर से संस्था द्वारा प्रकाशित - धर्म, अध्यात्म, देवता जैसे विविध विषयों के ग्रंथ और सात्त्विक सामग्री की प्रदर्शनी के साथ धर्मशिक्षा-फलक प्रदर्शनी भी लगाई गई थी । देश-विदेश से आए ५०० से अधिक लोगों ने प्रदर्शनी का लाभ लिया । अनेक लोगों ने कहा कि संस्था के सभी ग्रंथ क्रय करनेेयोग्य हैं । कुछ लोग पाक्षिक सनातन प्रभात के सदस्य भी बने । प्रदर्शनी के आयोजन में महासभा के संगठन मंत्री श्री. संदीपजी काबरा का बहुत सहयोग मिला ।

मीडिया और एकेडमी द्वारा दबाया गया भारत का वास्तविक इतिहास उजागर करने युवा आगे आएं ! - प्रा. कुसुमलता केडिया

नई देहली में युरोप : एक भारतीय दृष्टि पर दो दिवसीय कार्यशाला
बाएं से श्री. रविशंकरजी, प्रा. रामेश्‍वर मिश्र,
पू. डॉ. चारुदत्त पिंगळे एवं प्रा. कुसुमलता केडिया
नई देहली - यहां आयोजित कार्यशाला को संबोधित करते हुए भोपाल के धर्मपाल शोधपीठ की निदेशक प्राध्यापक कुसुमलता केडियाजी ने कहा, स्वतंत्रता के उपरान्त मीडिया और एकेडमी भारत का गलत इतिहास भारतीयों के मन-मष्तिष्क पर डाल रहे हैं ।

शारीरिक कष्ट होते हुए भी सहजावस्था में रहनेवाले पू. भगवंतकुमार मेनरायजी !

पू. भगवंतकुमार मेनराय
पू. भगवंतकुमार मेनरायजी का श्रावण शुक्ल पंचमी (नागपंचमी ७.८.२०१६) को तिथि अनुसार जन्मदिन था । इस निमित्त साधकों को अनुभव हुई उनकी गुणविशेषताएं यहां दे रहे हैं ।
 भगवान शिवजी को प्रिय माह में जन्म
१. हिन्दू धर्म में श्रावण का माह वर्ष में विशेष महत्त्व रखता है । इसी माह में नागपंचमी की शुभतिथि पर शिवभक्त पू. भगवंतकुमार मेनरायजी का जन्म हुआ है । सर्वाधिक त्यौहार इसी महिने में आते हैं (उदा. नागपंचमी, रक्षाबंधन, मनसापूजा (बंगाल), कज्जली तीज, रांधण छठ जन्माष्टमी (गोकुल अष्टमी) आदि ।

सात्त्विक देवनागरी अक्षर और अंक लिखने की पद्धति (देवनागरी अक्षर, अर्थात संस्कृत, हिन्दी एवं मराठी अक्षर)


अक्षर सुंदर और सात्त्विक बनाने के लिए मार्गदर्शक सनातन का अगामी ग्रंथ !
     अभिभावक एवं शिक्षकों को बच्चों से अक्षर लिखवाते समय उन पर अच्छी लिखावट का सुसंस्कार करना चाहिए । इसके लिए अक्षर सात्त्विक होने चाहिए । उन्हें कैसे बनाएं, यह प्रस्तुत ग्रंथ में दिया है । ऐसे अक्षरों की लिखाई लिखनेवाला एवं पढनेवाला, दोनों को इन अक्षरों से चैतन्य का लाभ होता है । साथ ही ग्रंथ के धर्मशिक्षा प्रदान करनेवाले अक्षरों से संबंधित शब्द एवं शब्दों से संबंधित वाक्यों का भी लाभ उठाएं !
संपर्क : ९३२२३१५३१७
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पुलिस तथा राजनेताआें द्वारा सनातन संस्था के साधकों के परिजनों को दी मानसिक यातनाएं !


स्वातंत्र्यवीर विनायक दामोदर सावरकर के कारागृह-जीवन का स्मरण करवानेवाली लेखमाला !
मडगांव विस्फोट प्रकरण में निर्दोष छूटे सनातन के साधकों और उनके परिजनों के कटु अनुभव !
     वर्ष २००९ में मडगांव में एक दुपहिया वाहन में विस्फोट होने से उसमें सनातन संस्था के दो साधकों की मृत्यु हो गई थी । ऐसा होते हुए भी सनातन संस्था की अपकीर्ति करने के उद्देश्य से काँग्रेस के संकेत पर  कठपुतली समान नाचनेवाली पुलिस का बिना किसी पूर्वकल्पना के ही साधकों को बंदी बना लेना, उन पर थोपी गई अनेक भयावह धाराएं, झूठे साक्षीदार और झूठे प्रमाण, साधकों को दिए गए असहनीय शारीरिक और मानसिक कष्ट और उनके द्वारा भोगा गया कारागृह का नरकवास, प्रसिद्धिमाध्यम इत्यादि संबंधी जानकारी देनेवाली यह लेखमाला ।

साधको, महर्षि की आज्ञानुसार सभी तीरथ हो गए सद्गुरुचरणों में, इन पंक्तियों को सार्थक करनेवाला गुरुस्मरण अखंड करें !


महर्षि का कर आज्ञापालन, साधकों ने किया गुरुस्मरण,
पाया पग-पग पर अपार चैतन्य और आनंद !
महर्षि का साधकों को सेवा करते समय अथवा अन्य समय बीच-बीच में आंखें मूंदकर प.पू. डॉक्टरजी के चेहरे का, देह का अथवा चरणों का एक मिनट स्मरण करने के लिए कहना; क्योंकि इससे साधकों को प.पू. डॉक्टरजी की सूक्ष्म शक्ति का लाभ होने में सहायता होना
महर्षि ने नाडीवाचन क्रमांक ६९ में साधकों को सूचित किया कि परम गुरुजी को (प.पू. डॉक्टरजी को) प्रत्यक्ष देखने की अपेक्षा उनके चेहरे, चरण अथवा देह का स्मरण करना अब महत्त्वपूर्ण है । साधक सेवा करते समय अथवा अन्य समय बीच-बीच में एक मिनट के लिए आंखें मूंदकर उनका चेहरा, चरण अथवा देह आंखों के  सामने लगाने का प्रयत्न करें ।

आध्यात्मिक पहेली

सूक्ष्म दर्शनेंद्रियों द्वारा करने योग्य प्रयोग
     अधिकांश नियतकालिकों में शब्दपहेलियां होती हैं । वे बौद्धिक स्तर की होती हैं । सनातन प्रभात आध्यात्मिक नियतकालिक होने से इस लेखमाला में आध्यात्मिक स्तर की पहेलियां दी हैं । अत: इससे मानसिक, बौद्धिक एवं आध्यात्मिक स्तर की पहेलियों में भिन्नता ध्यान में आएगी ।
अक्षरों का मध्यम स्वर में उच्चारण करना संगीत के सप्तस्वर - सा, रे, ग, म, प, ध, नी, सा का उच्चारण करना (अथवा अन्यों द्वारा किया उच्चारण सुनना)
प्रयोग : प्रयोग : संगीत के सा, रे, ग, म, प, ध, नी, सा, इन सप्तस्वरों का प्रत्येक स्वर का ५ - ७ बार उच्चारण कर क्या प्रतीत होता है, इसका अध्ययन करें । ऐसा २ - ३ मिनट करें ।